दि‍वाली पर कविता Poetry Kavita Poem on Diwali in Hindi 2021***

आज हम आपके साथ दि‍वाली पर लिखी गई कविताएं Poem on Diwali in Hindi शेयर कर रहे है, जिसे आप इस दीपावली के शुभ अवसर के लिए सभी कक्षा और कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए दि‍वाली  कविता लिखने में सहायक होंगी.

दिवाली के इन कविताओं Diwali Poem Kavita Poetry के जरिये से इस दिवाली का त्यौहार वर्णन किया गया है. दिवाली के त्योहार के महत्व को बतलाया गया है, और इन दिवाली की कविता से क्या सीख ले सकते है, समझाया गया है, जिनका वर्णन इन दिवाली कविता मे सरल और आसान हिन्दी भाषा मे लिखने का प्रयास किया है जिससे छोटे बड़े सभी लोग दिवाली की इन कविताओं को आसानी से पढ़ सकते है, और उनका अर्थ समझ सकते है, और लोगो को शेयर कर सकते है, तो चलिये अब इन दिवाली की कविता पाए और आप सभी को दि‍वाली की शुभकामनाएं.

दि‍वाली पर कविता | दीपावली पर कविताए हिन्दी मे

Best Poem Kavita Poetry on Diwali in Hindi

दिवाली हिन्दू धर्म का प्रसिद्ध त्यौहार है, त्रेतायुग मे दिवाली वाले दिन ही अयोध्या के राजा भगवान श्री राम 14 वर्ष का वनवास बिताकर अयोध्या लौटे थे और इस खुशी में अयोध्या वासियों ने उनके स्वागत में दीपक जलाए थे और फूलों की वर्षा की थी, जिस कारण से तब से हर साल कार्तिक महीने की अमावस्या की पुर्णिमा को दिवाली का त्योहार मनाया जाने लगा।

दिवाली रोज मनाएं

फूलझड़ी फूल बिखेरे

चकरी चक्कर खाए

अनार उछला आसमान तक

रस्सी-बम धमकाए

सांप की गोली हो गई लम्बी

रेल धागे पर दौड़ लगाए

आग लगाओ रॉकेट को तो

वो दुनिया नाप आए

टिकड़ी के संग छोटे-मोटे

बम बच्चों को भाए

ऐसा लगता है दिवाली

हम तुम रोज मनाएं।.. 

Poem Kavita Poetry on Diwali in Hindi

फिर खुशियों के दीप जलाओ,

यह प्रकाश का अभिनंदन है,

अंधकार को दूर भगाओ,

पहले स्नेह लुटाओ सब पर,

फिर खुशियों के दीप जलाओ।

दिवाली पर हिन्दी कविता | दीपावली की शुभकामनाएं कविता

Diwali Hindi Kavita | Deepawali Shubhkamnaye Kavita Poem Poetry in Hindi

ममता, समता, मानवता का,

हर मन में पुष्प खिलाएँगे |

शुद्ध करमों के बल पर,

हम जीवन श्रेष्ठ बनाएँगे |

दुष्ट आचरण की चेष्टा,

है घोर पाप यह सोच ह्रदय |

नैतिकता के रास्ते चलकर,

हम धन, वैभव, यश पाएँगे |

भावों के पुष्प खिलाएँगे,

दीपदान की थाली में |

ऐसा कुछ संकल्प करें हम,

अब की बार दीवाली में |

Diwali Kavita in Hindi | Poems on Deepawali in Hindi

आज फिर से प्रकाश की अंधकार पर जीत होगी

दीपो की माला से सजती ये धरती,

एक नयी दुल्हन सी शोभित होगी,

सुने पड़े किसी कोने को भी आज अपने होने का एहसास होगा

उसको भी तो आज की रात किसी दीये का इंतजार होगा

हर घर में उजाला, हर गली में उल्लास होगा

गणेश जी की होगी पूजा, लक्ष्मी जी का श्रँगार होगा

छोटा हो या बड़ा सबमे उमंग और उत्साह होगा

सुनकर सजती बालाओं को अपने पतिओं का इंतजार होगा

आज की रात तो आसमान भी धरती का दीदार करता होगा,

खूब मनाओ खुशियाँ जी भर ये मत सोचो कल क्या होगा

एक साल में एक बार ही आता ये त्यौहार निराला,

मधुशाला की सेर लगाओ, पी आओ मस्ती का प्याला….

दीपावली पर्व पर हिंदी कविताएँ

Poem on Diwali in Hindi | Diwali Kavita and Poem in Hindi

जगमग दिये की तरह, जलते रहो तुम सारी उम्र

मन में छुपे अंधेरों को, खलते रहो तुम सारी उम्र

रौशनी की रात आई है, खुशियों की सौगात लाई है

देखो आज ज़मीन पर यूँ, सितारों की बारात आई है

दिवाली के पटाखों की तरह, दर्द के छाले फोड़ दो

हो बुराई जितनी भी मन में, आज तुम सब छोड़ दो

आओ बनाएं एक नया जहां, ना रहे कोई मजबूर जहाँ

जगमगाते रहे यूँही हम सब, दुखों का हो फिर दूर जहां

दीपावली के मौके पर, स्वच्छता की शपथ ले हम

अपने प्यारे भारतवर्ष में, एकता की शपथ ले हम….

Diwali Poem in Hindi | बच्चो के लिये दिवाली की कविता

बरस रही है मां लक्ष्मी की कृपा,

हो रही है सुख और समृद्धि की वर्षा |

मिट जाएगा हर कोने का अंधियारा,

जब दीपो से जगमग होगा जग सारा |

भगवान श्री राम अयोध्या पधार रहे है,

फूलों की वर्षा हो रही है |

सब जन हर्षा रहे है,

हो गया है सब दुखों का नाश |

सब लोग मंगल गान गा रहे है,

फूल, पत्ती, पेड़-पौधे, फसलें लहरा रहे है |

सब लोगों के मुख पर मुस्कान है,

यही तो दीपावली त्योहार की पहचान है |

कक्षा 1 से 12 तक के छात्रों के लिए दिवाली की कविता

Best Poem on Diwali in Hindi for Class 1 To 12

दिवाली का त्योहार अपने साथ ढेर सारे प्रकाश और अच्छाईया ले आता है, ऐसे मे दिवाली का त्योहार बच्चे, जवान, बूढ़े हर किसी को इंतजार रहता है, तो इस दिवाली को खास बनाने के लिये दिवाली के पर्व पर यहा लिखी गयी कविताए, Poem on Diwali, Diwali Kavita के जरिये भी आप लोगो के साथ दिवाली की शुभकामनाये दे सकते है, और छोटे बच्चे और विद्यार्थी अपने स्कूल मे भी इन दिवाली कविता को लिख सकते है। 

Poem on Diwali in Hindi

पर्व है पुरुषार्थ का,

दीप के दिव्यार्थ का,

देहरी पर दीप एक जलता रहे,

अंधकार से युद्ध यह चलता रहे,

हारेगी हर बार अंधियारे की घोर-कालिमा,

जीतेगी जगमग उजियारे की स्वर्ण-लालिमा,

दीप ही ज्योति का प्रथम तीर्थ है,

कायम रहे इसका अर्थ, वरना व्यर्थ है,

आशीषों की मधुर छांव इसे दे दीजिए,

प्रार्थना-शुभकामना हमारी ले लीजिए!!

झिलमिल रोशनी में निवेदित अविरल शुभकामना

आस्था के आलोक में आदरयुक्त मंगल भावना!!!

हैप्पी दिवाली कविता 2021 | Poem on Diwali in Hindi

दिवाली के दीपक जगमगाए आपके आंगन में,

सात रंग सजे इस साल आपके आंगन में,

आया है यह त्यौहार खुशियां लेके,

हर खुशी सजे इस साल आपके आंगन में,

रोशनी से हो रोशन हर लम्हा आपका,

हर रोशनी सजे इस साल आपके आंगन में।

दिवाली के लिये हिन्दी कविता | Diwali Par Kavita Hindi Mein

मंगलमय हो आपको दीपों का त्यौहार,

जीवन में आती रहे पल पल नयी बहार,

ईश्वर से हम कर रहे हर पल यही पुकार,

लक्ष्मी की कृपा रहे भरा रहे घर द्वार।।

मुझको जो भी मिलना हो, वह तुमको ही मले दोलत,

तमन्ना मेरे दिल की है, सदा मिलती रहे शोहरत,

सदा मिलती रहे शोहरत, रोशन नाम तेरा हो

कामो का ना तो शाया हो निशा में न अँधेरा हो।।

दिवाली आज आयी है, जलाओ प्रेम के दीपक

जलाओ प्रेम के दीपक, अँधेरा दूर करना है

दिलों में जो अँधेरा है, उसे हम दूर कर देंगे

मिटा कर के अंधेरों को, दिलो में प्रेम भर देंगे।।

मनाएं हम तरीकें से तो रोशन ये चमन होगा,

सारी दुनियां से प्यारा और न्यारा ये वतन होगा,

धरा अपनी, गगन अपना, जो बासी वो भी अपने हैं

हकीकत में वे बदलेंगे, दिलों में जो भी सपने हैं।।

Short Poem on Diwali in Hindi Language for 1 to 12 class Students

Short Poem on Diwali in Hindi Language for 1 to 12 class Studentsआई दिवाली ख़ुशी मनायेंगे,

मिलजुल यह त्यौहार मनायेंगे..।

चोदह साल काटा वनवास,

राम जी आये भक्तों के पास,

खुशियों के दीप जलायेंगे,

आई दिवाली ख़ुशी मनायेंगे।

दिल से सारे वैर भूला कर,

इक-दूजे को गले लगाकर,

सब शिकवे दूर भगायेंगे,

आई दिवाली ख़ुशी मनायेंगे।

चल रहे है बम्ब-पटाखे,

शोर मचाते धूम-धड़ाके,

संग सब के ख़ुशी मनायेंगे.

आई दिवाली ख़ुशी मनायेंगे।

Popular Poem on Diwali in Hindi Font and Hindi Languages

इस साल दिवाली कुछ इस तरह मनाना दोस्तों

नफरत को भुलाकर दीप खुशियों के जलाना दोस्तों

न रह जाये कोई गम न कोई शिकायत

दीप की दीवारों पर खुशियों के रंग लगाना दोस्तों..

धनतेरस पर बहुत लिया घर का सामान

इस साल किसी गरीब का घर सजाना दोस्तों..

भाई बहन के प्यार का भी है ये त्यौहार

भाई दोज पर रूठी बहन को मनाना दोस्तों..

दूर कर देना अंधेरों को मिटा देना अहंकार को

दीपक की तरह जगमगाना दोस्तों..

कुछ इस तरह दिलो को जोड़ना दिलो से

सिर्फ अपनों को नहीं परायों को भी अपना बनाना दोस्तों

इस साल दिवाली कुछ इस तरह मनाना दोस्तों

Happy Diwali Poems in Hindi 2021

छोड़-छाड़ कर दवेष-भाव को,

मीत प्रीत की रीत निभाओ,

दिवाली के शुभ अवसर पर,

मन से मन का दीप जलाओ।

क्या है तेरा क्या है मेरा,

जीवन चार दिन का फेरा,

दूर कर सको तो कर डालो,

मन का गहन अँधेरा,

निंदा नफरत बुरी आदतों,

से छुटकारा पाओ।

दिवाली के लिए सबसे अच्छी कविता | Best Diwali Poem 2021 in Hindi

दिवाली के शुभ अवसर पर,

मन से मन का दीप जलाओ

खूब मिठाई खाओ छक कर,

लड्डू, बर्फी, चमचम, गुझिया।

पर पर्यावरण का रखना ध्यान,

बम कहीं न फोड़ें कान

वायु प्रदुषण, धुएं से बचना,

रौशनी से घर द्ववार को भरना।

दिवाली के शुभअवसर पर,

मन से मन का दीप जलाओ

चंदा सूरज से दो दीपक,

तन मन से उजियारा कर दें।

हर उपवन से फूल तुम्हारे

जब तक जियो शान से,

हर सुख, हर खुशहाली पाओ,

दिवाली के शुभ अवसर पर,

मन से मन का दीप जलाओ।

Happy Diwali Poem in Hindi Font for 1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10, 11 & 12 Class Students

मंगलमय हो आपको दीपों का त्यौहार,

जीवन में आती रहे पल पल नयी बहार,

ईश्वर से हम कर रहे हर पल यही पुकार,

लक्ष्मी की कृपा रहे भरा रहे घर द्वार

मुझको जो भी मिलना हो, वह तुमको ही मले दोलत,

तमन्ना मेरे दिल की है, सदा मिलती रहे शोहरत,

सदा मिलती रहे शोहरत, रोशन नाम तेरा हो

कामो का ना तो शाया हो निशा में न अँधेरा हो

दिवाली आज आयी है, जलाओ प्रेम के दीपक

जलाओ प्रेम के दीपक, अँधेरा दूर करना है

दिलों में जो अँधेरा है, उसे हम दूर कर देंगे

मिटा कर के अंधेरों को, दिलो में प्रेम भर देंगे

मनाएं हम तरीकें से तो रोशन ये चमन होगा

सारी दुनियां से प्यारा और न्यारा ये वतन होगा

धरा अपनी, गगन अपना, जो बासी वो भी अपने हैं

हकीकत में वे बदलेंगे, दिलों में जो भी सपने हैं

दिवाली के लिये ईमोशनल कविता | Emotional Poem on Diwali in Hindi

अंधेरे बहुत है मेंरी जिंदगी मैं,

तारे दिल मैं कोई जोत जलना चाहते है,

क्या करूंगा जलाकर दिये,

जब तेरे इश्क से दिल रोशन कर लिया है,

तेरे साथ हर दिन दीपावली सा लगता है,

बिन तेरे ये भी खाली सा लगता हैं

लो दीपावली भी आ गयी पर खुशिया कहा है,

कुछ है भी या कुछ भी नही है,

पर हां बाहार शोर बहुत है,

एक दीप तेरे नाम का हमेशा जलता रहेगा,

ये मेरी दीपावली कभी खत्म नही होगी

दिल जलाओ या दिए आखो के दरवाजे पर,

वक्त से पहले तो आते नही आने वाले

कल रोशन की बरसात थी,

आज फिर अँधेरी रात,

बुझते हुए दियो ने हमको भी बुझा दिया

दिल में जला के रखा है तेरी यादो का दिया,

तुम सब आज दीपावली मनाओ,

हम हर रोज दीपावली मनाते है

झिलमिलाते दियो की रौशनी से सजी महफिल बड़ा सताती है,

उसके साथ मनाए वो दीपावली मुझे

बहुत याद आती है…!

दीपावली के लिए कविता पोएम पोएट्री | Deepavali Poem Kavita Poetry in Hindi

खेतों ने ओढ़ ली है धानी चादर

भूमि पुत्र भी मंद मंद मुस्का रहा है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

मौसम भी करवट बदल रहा है

सर्द ऋतु का आगाज हो रहा है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

चंचल मन हर्षा रहा है

दीपों का त्यौहार आ रहा है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

सब लोग मंगल गीत गा रहे है

ढोल पतासे और घंटियां बजा रहे है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

प्रकृति हो रही है भाव विभोर

चहु खुशियों की लहर उठ रही है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

सब मिलजुल कर घर से जा रहे है

मां लक्ष्मी भी कृपा बरसा रही है,

दीपावली का शुभ दिन आ रहा है |

Happy Diwali 2021 Poem in Hindi

जूझ कर कठिनाइयों से

कर सुलह परछाइयों से

एक दीपक रातभर जलता रहा

लाख बारिश आँधियों ने सत्य तोड़े

वक्त ने कितने दिए पटके झिंझोड़े

रौशनी की आस टूटी नहीं

आस्था की डोर भी छूटी नहीं

आत्मा में डूब कर के

चेतना अभिभूत कर के

साधना के मंत्र को जपता रहा

एक दीपक

रातभर जलता रहा

Short Poem on Diwali 2021 in Hindi

जगमगाहट ने बुलाया पर न बोला

झूठ से उसने कोई भी सच न तौला

वह सितारे देख कर खोया नहीं

दूसरों के भाग्य पर रोया नहीं

दिन महीने साल निर्मम

कर सतत अपना परिश्रम

विजय के इतिहास को रचता रहा

एक दीपक

रातभर जलता रहा

2021 दिवाली के लिए अन्य पोस्ट :- 

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